Haryana में बनेगी उत्तर भारत की पहली सिलिकॉन वैली, रोजगार के बढ़ेगे अवसर
73 एकड़ भूमि पर एआई हब बनाने की तैयारी है, जिसे हाई-स्पीड इंटरनेट और 24 घंटे ग्रीन एनर्जी की सुविधा मिलेगी। इस विजन को धरातल पर उतारने के लिए विश्व बैंक से 470 करोड़ रुपये की सहायता का आश्वासन मिला है।

Haryana : हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने प्रदेश को तकनीकी मानचित्र पर नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए एक क्रांतिकारी विजन साझा किया है। मुख्यमंत्री ने चंडीगढ़ में आयोजित टीआईई एआई शिखर सम्मेलन–2026 के दौरान घोषणा की कि हरियाणाको अब उत्तर भारत की पहली सिलिकॉन वैली के रूप में विकसित किया जाएगा।
यह महत्वाकांक्षी कदम न केवल हरियाणा को डीप टेक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का केंद्र बनाएगा, बल्कि इससे राज्य के युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी बड़े स्तर पर पैदा होंगे। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि हरियाणा एआई मिशन के तहत गुरुग्राम और पंचकूला में अत्याधुनिक एआई हब स्थापित किए जाएंगे, जहां 50 हजार युवाओं को भविष्य की तकनीक में प्रशिक्षित करने का लक्ष्य रखा गया है।
उत्तर भारत की सिलिकॉन वैली बनने की इस दौड़ में पंचकूला को उसकी स्वच्छ आबोहवा और उपलब्ध संसाधनों के कारण चुना गया है। यहां 73 एकड़ भूमि पर एआई हब बनाने की तैयारी है, जिसे हाई-स्पीड इंटरनेट और 24 घंटे ग्रीन एनर्जी की सुविधा मिलेगी। इस विजन को धरातल पर उतारने के लिए विश्व बैंक से 470 करोड़ रुपये की सहायता का आश्वासन मिला है।
हरियाणा एआई मिशन को मजबूती प्रदान करेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार स्टार्टअप्स को बढ़ावा देने के लिए 2000 करोड़ रुपये का फंड ऑफ फंड्स और शोध कार्यों के लिए 20 करोड़ रुपये का हरियाणा स्टेट रिसर्च फंड भी स्थापित कर चुकी है, ताकि नवाचार को बिना किसी वित्तीय बाधा के आगे बढ़ाया जा सके।

मुख्यमंत्री ने निवेशकों और उद्यमियों को आमंत्रित करते हुए कहा कि हरियाणा अब भविष्य की तकनीक का लॉन्च पैड बन रहा है। राज्य में डेटा सेंटर हब विकसित करने के लिए अंबाला और पंचकूला को चिन्हित किया गया है, जो एआई मॉडल के प्रशिक्षण के लिए जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर प्रदान करेंगे।
लोकल एआई रियल इम्पेक्ट के मंत्र के साथ सरकार का प्रयास है कि वैश्विक सोच को स्थानीय जरूरतों के साथ जोड़कर कृषि, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में सकारात्मक बदलाव लाया जाए। कौशल सम्मान योजना और इंटर्नशिप के माध्यम से युवाओं को सीधे इस मिशन से जोड़कर हरियाणा को डीप टेक और क्वांटम कंप्यूटिंग के क्षेत्र में अग्रणी बनाने की तैयारी पूरी हो चुकी है।











